इस्लामी गणतंत्र ईरान की सशस्त्र सेना की संयुक्त कमान के प्रमुख ने क्षेत्र में दुश्मनों की साजिशों के सामने सावधानी की जरूरत पर बल दिया है।जनरल सैयद हसन फिरोज़ाबादी ने एक बयान में कहा है कि ज़ायोनी शासन इस्लामी देशों के खिलाफ षड़यंत्र कर इस्लामी आंदोलनों को कुचलने और अपने खिलाफ जारी विरोध के मोर्चे को कमजोर कर विश्व स्तर पर मुसलमान देशों की क्षमताओं को कम करने की कोशिश कर रहा है। जनरल फिरोज़ाबादी ने कहा कि इस्लामी सरकार एकता के सहारे ज़ायोनी शासन के इन षड्यंत्रों का मुकाबला कर सकते हैं। उन्होंने फ़िलिस्तीन, अफगानिस्तान और म्यांमार में मुसलमानों के नरसंहार की निंदा करते हुए कहा कि ज़ायोनी शासन मुसलमान देशों को आंतरिक और विश्व संकट में उलझाना चाहती है और उसका एक उदाहरण सीरिया की स्थिति है।उधर इस्लामी गणतंत्र ईरान की सशस्त्र सेना के इसट्राटेजिक स्टडी सेंटर के प्रमुख एडमिरल अली शमखानी ने कहा है कि इस्लामी गणतंत्र ईरान अमेरिका और ज़ायोनी शासन की हिंसक नीतियों और साम्राज्यवादी उद्देश्यों की राह में सबसे बड़ी बाधा है। एडमिरल शमखानी ने एक बयान में कहा है कि पश्चिम दुश्मनी ईरान की ताकत और क्षमताओं को उजागर करती है और इस्लामी गणतंत्र ईरान ने होशियारी और बुद्धिमत्ता से अमेरिका और ज़ायोनी शासन की साजिशों को नाकाम बनाया है। उन्होंने तेहरान में गुट निरपेक्ष आंदोलन के सोलहवीं प्रस्तावित बैठक की ओर संकेत करते हुए कहा यह बैठक तेहरान के प्रभाव को दर्शाता है और ईरान में अशांति फैलाने के दुश्मन के षड़यंत्र भी विफल होकर रह जाएंगे।समाप्त....166
17 अगस्त 2012 - 19:30
समाचार कोड: 337844
इस्लामी गणतंत्र ईरान की सशस्त्र सेना की संयुक्त कमान के प्रमुख ने क्षेत्र में दुश्मनों की साजिशों के सामने सावधानी की जरूरत पर बल दिया है..........